ग्रेटर नोएडा। लद्दाख के गलावन घाटी में हुई 20 सैनिकों की शहादत के बाद से ग्रेटर नोएडा के मुर्शदपुर गांव के लोगों का गुस्सा ठंडा पड़ने का नाम नहीं ले रहा है। रविवार को ग्रामीणों ने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग का पुतला फूंका और जमकर नारेबाजी की। इसी के साथ चीन की कंपनियों के निर्मित सामान का बहिष्कार करने का आह्वान किया। वहीं ग्रामीणों ने शनिवार को क्षेत्र में संचालित चीनी मोबाइल कंपनी के कर्मचारियों पर गांव से गुजरने को लेकर रोक लगाए जाने की भी मांग की थी। हालांकि कर्मचारियों को गांव से गुजरने से रोकने के पीछे ग्रामीणों ने कोरोना महामारी का खतरा बताया था।

ईकोटेक-1 कोतवाली क्षेत्र के मुर्शदपुर गांव निवासी मनोज भाटी ने बताया कि शनिवार दोपहर बड़़ी संख्या में ग्रामीण गांव के मार्ग पर एकत्रित हुए। ग्रामीणों ने चीन के खिलाफ नारेबाजी कर भारत माता के जयकारे लगाए। ग्रामीणों ने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग का पुतला बनाकर सड़क पर घुमाते हुए नारेबाजी की। इसके बाद पुतले में आग लगा दी। ग्रामीणों ने कहा कि चीन हमारे देश में व्यापार कर धन अर्जित कर रहा है और सीमा पर हमारे सैनिकों पर धोखे से हमला कर रहा है। इसलिए वह चीन के सामान का बहिष्कार करते हैं और लोगों से आह्वान करते हैं कि वह चीन का सामान न खरीदें। वहीं, उन्होंने कहा कि गांव के रास्ते से चीन की मोबाइल कंपनी वीवो के बड़ी संख्या में कर्मचारी सुबह शाम गुजरते हैं।

वह मास्क आदि गांव में फेंक देते हैं। इससे बीमारी फैलने का खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि पुलिस ने वीवो कंपनी के कर्मचारियों को गांव के रास्तों से गुजरे से नहीं रोका तो वो खुद उन्हें गांव गुजरने से रोक देंगे। लेकिन किसी भी कीमत पर चीनी कंपनी के कर्मचारियों का गांव से गुजरना बर्दास्त नहीं करेंगे। ग्रामीणों का आरोप है कि कर्मचारी गांव के रास्तों पर मास्क आदि फैंकते हैं। जिससे गांव के लोगों में भी महामारी फैलने का खतरा है। इस मौके पर सतीश प्रधान, रामपाल भाटी, प्रवीण भाटी, सैंकी भाटी, गौरव भाटी, देवपाल भाटी, अमित, ओमप्रकाश, मोहित, बिन्ना, मनीष आदि मौजूद रहे।